भारत माता
'भारत माता की जय' का अर्थ
भारत माता की नेहरू की अवधारणा समझाना।
सवाल. कभी जलसे में नेहरू का स्वागत ज़ोर के नारे 'भारत माता की जय!' से होता। वे अचानक पूछ बैठते: इस नारे से तुम्हारा मतलब क्या है? यह भारत माता कौन है, जिसकी तुम जय चाहते हो?
पहले चुप्पी. लोगों को कुतूहल और ताज्जुब होता; जवाब न सूझने पर वे एक-दूसरे की ओर देखने लगते। नेहरू सवाल करते ही रहते।
'धरती'. आख़िर एक हट्टे-कट्टे जाट ने, जिसके परिवार में अनगिनत पीढ़ियों से किसानी होती आई थी, कहा: भारत माता से मतलब धरती से है।
- नेहरू फिर पूछते: कौन-सी धरती? अपने गाँव की, ज़िले की, सूबे की, या सारे हिंदुस्तान की?
- सवाल-जवाब चलते रहते, यहाँ तक कि लोग ऊबकर कहते: आप ही बताइए।
नेहरू का उत्तर. हिंदुस्तान वह सब है जो तुमने समझ रखा है, पर उससे बहुत ज़्यादा भी। नदी-पहाड़, जंगल और अन्न देने वाले खेत, ये सब अज़ीज़ (प्रिय) हैं; पर आख़िरकार जिनकी गिनती है, वे हैं हिंदुस्तान के लोग, जो पूरे देश में फैले हैं। 'भारत माता दरअसल यही करोड़ों लोग हैं', और 'भारत माता की जय!' का मतलब है इन लोगों की जय।
'तुम ही भारत माता हो'. नेहरू कहते: तुम इस भारत माता के अंश हो, एक तरह से तुम ही भारत माता हो।
नया उदाहरण. कोई पूछे 'हमारा स्कूल क्या है?' तो कोई इमारत बताएगा, कोई मैदान; पर असल में स्कूल उसके बच्चे, शिक्षक और कर्मचारी हैं। इमारत वही रहे और लोग न हों, तो स्कूल नहीं रहता।
Practise this lesson
Questions that get harder as you improve, a Tutor that helps without giving the answer away, and progress you can see. Free for every learner.
No account, no email address. Opens the real product.